Sunday, 19 February 2017



                 यह मेरा पहला लप्रेक है 







“ चारु !
प्रेम जिंदगी में अप्रत्याशित ही आता है, उपहार की तरह । दोस्ती से प्यार पनपता है या प्यार से दोस्ती , मुझे नहीं पता । बस इतना पता है कि इश्क एक एहसास का नाम है, जो दिल के तार से जुड़ जाता है । मैं जहाँ कहीं जाता हूँ , तुम मेरे साथ होती हो”
“अच्छाSSS”
“एक बात कहूँ ?”
“ कह डालिए जनाब”
“ तुम वह सुपरटॉनिक हो, जो मुझे रचनात्मक बनाती है”
“अच्छा! बेटा मसखा लगाने सीख गए हो, यही है मेरा बर्थ डे गिफ्ट?”
“धत्त पगली, मैं तो लघु प्रेम कथा लिखने की कोशिश कर रहा था”

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